पिकोप्लैंकटन रूबी ब्रह्मांड
Gelatinous plankton (salps, larvaceans)

पिकोप्लैंकटन रूबी ब्रह्मांड

आप इस क्षण पृथ्वी के किसी सबसे शांत और प्रकाशमय समुद्री प्रांगण में निलंबित हैं — एक उपोष्णकटिबंधीय चक्रवात की सतही परत में, जहाँ नीला जल एक विशाल नीलम काँच की तरह चमकता है और उसमें हर दिशा में लाल-माणिक बिंदु अनंत तक फैले हुए हैं। ये गहरे क्रिमसन गोले *Prochlorococcus* की एकल कोशिकाएँ हैं — प्रकाश संश्लेषण करने वाले सायनोबैक्टीरिया जो पृथ्वी के महासागरों में अनुमानतः ३×१०²⁷ की संख्या में विद्यमान हैं और वायुमंडलीय ऑक्सीजन के एक महत्वपूर्ण अंश का उत्पादन करते हैं। इनके बीच *Synechococcus* के नारंगी-लाल बेलनाकार रूप झिलमिलाते हैं, जिनके भीतर फाइकोबिलिसोम वर्णक एक उष्ण आभा बिखेरते हैं, जबकि पारदर्शी जीवाणु छड़ें नीले प्रकाश में काँच के बुलबुलों सी अदृश्य-प्रायः दृश्य होती हैं। ऊपर से आता नीला प्रकाश प्रत्येक प्रकाशसंश्लेषी कोशिका के क्लोरोफिल को उद्दीप्त करता है, जिससे उनका उष्ण लाल उत्सर्जन उस शीतल नीलिमा के विरुद्ध एक विलक्षण प्रतिवर्णी तनाव रचता है — एक ऐसा ब्रह्मांड जो बाहर से रिक्त और भीतर से जीवित ज्योति से भरपूर है।

Other languages